वर्णसंकर हैं पाकिस्तानी इसलिए हो गए हैं कुलघाती ! गीता के अनुसार पाकिस्तान का अन्त निश्चित है !

बचपन में गीता में एक चीज पढी थी आज उसे प्रत्यक्ष देख रहा हूँ तो समझ आया है  – वर्णसंकर कैसे कुलघाती होता है |

आखिर पाकिस्तान भारत से लड़ता क्यों है ? जबकी हिन्दुस्तान तो  कभी उसका नुक्सान चाहता ही नहीं ! पाकिस्तान को चाहिए क्या है आखिर जो वो हमेशा हमले करता रहता है | तीन बार युद्ध कर चुका है | हमेशा भारत का बुरा चाहता है |  कश्मीर तो छोडो खुदgita-1-1.jpg पाकिस्तान भीख में मिला है फिर भी कश्मीर का मुद्दा बनाता है ? अगर बात कश्मीर की है तो फिर केरल में कुछ भटके हुए मुस्लिम युवक पाकिस्तान का समर्थन क्यों करते हैं, तमिलनाडु, कर्नाटक, बंगाल, बिहार, यूपी ऐसे लगभग हर जगह पाकिस्तान को समर्थन देने वाले मुस्लिम मिल जायेंगे | क्यों सारे  इस्लामिक देश कश्मीर की बात पर पाकिस्तान के साथ हैं जबकि नीतिगत रूप से वो हमारे भी मित्र है और उन्हें पता है कि कश्मीर हमारी ही भूमि है | आपने ये बातें कभी सोची ? कोई भी आतंकवादी हो,  या पत्थरबाज कश्मीरी, या केरल-बंगाल के नौजवान उसने जब भी पूछो कि क्यों लड़ रहे हो तो वो एक ही बात कहते हैं कि हम अपने इस्लाम के लिए लड़ रहे है | अत्यंत सुन्दर  72 स्वर्गीय हूरों (सेक्स-हेतु उपलब्ध जन्नत की कर्मचारीगण) को पाने के लिए वो ये सब कर रहे है | और ये कोई छुपी बात नहीं है, वे सबके सामने बोलते हैं, टीवी में बोलते हैं, भाषण में बोलते हैं, चिट्ठी में बोलते हैं | और स्वीकार भी करते हैं कि “हाँ वो हूरों और इस्लाम के लिए लड़ रहे हैं न कि कश्मीर के लिए`, उन्हें तो केरल तक पहुंचना है” | खैर भारत की छोडिये पूरी दुनिया में लड़ाई मची हुयी है, कुल मिलाकर जहाँ ये है वहाँ लडाई होनी ही होनी है, पढ़े-लिखे लड़के भी आतंकी बन जाते हैं तो इसे असाक्षरता की उपज तो कह नहीं सकते ? फिर इन सब के दिमाग में  आखिर  भरा क्या है ? क्यों इनको समझ में नहीं आता ?  जब पहली बार मैंने पाकिस्तानी 5839360_orig.jpgसेना की विश्व-रैंकिंग देखी तो मेरे आश्चर्य का ठिकाना नहीं रहा | 200 से ज्यादा देशों के बीच पाकिस्तान का  13 वां नंबर है .. दुनिया में 6 परमाणु सम्पन्न देशों में भी पाकिस्तान शामिल है वो भी 5 वें नंबर पर काबिज होते हुए भारत से आगे है … अद्भुत !  परन्तु क्रिकेट देखिये, बंगलादेश देखिये इस दुनिया में ये भी कुछ हैं  | और कुछ क्यों  ये सब भारत ही तो है, भारतीय ही तो हैं ये लोग आखिरकार | अभी कुछ दिनो पहले का भारत ही तो है ये सब | मान लो  अगर ये ताकत आज भी भारत में ही जुडी होती अथवा एक अखण्ड भारत आज होता तो क्या चीन या अमेरिका किसी की भी, इस पूरे गृह पर ताकत थी जो हमें डरा सकता ? इतिहास गवाह है बिना फूट डाले आजतक कोई भी हरामी हमसे जीत नहीं पाया ?

फिर हमारे भाई होते हुए भी ये लोग हमारा साथ देने के बजाय हमीं से  क्यों लड़ते है ? ये लोग अपने 543b39bba687fe2dc534e338e76d76d1.jpgही मुल्कों में हमला क्यों करते हैं ? ये लोग अपने ही मित्रों, पड़ोसियों को ही सबसे पहले क्यों मारने को आ जाते हैं ? क्या है इनके दिमाग की समस्या ? इनकी बुद्धि चली कहाँ जाती है ? जब हम ये सब सोचते हैं तब हमें समझ में आता है कि इसका कारण कितना गहरा, प्राचीन, मनोवैज्ञानिक, अनुवांशिक व अध्यात्मिक है | आधुनिक विज्ञान की इतनी क्षमता नहीं है  कि सामाजिक नीतियाँ-नियमावली भी बना सके ! उपकरण बनाना एक बात है परन्तु उपकरण को इस्तमाल करने का नीति-शास्त्र, तर्क-सम्मत,. धर्म-सम्मत प्रयोग का निर्णय तो मात्र आध्यात्म से ही जाना जा सकता है | और जैसा कि भगवद्गीता में मनुष्य की हर समस्या का उत्तर है उसमे इस प्रश्न का उत्तर भी बताया गया है | भगवद्गीता  प्रथम अध्याय के श्लोक संख्या  40-44.

“धर्म (सनातन) नष्ट हो जान पर सम्पूर्ण कुल में बहुत पाप फ़ैल जाता है | पाप के अधिक बढ़ जाने से कुल की स्त्रियाँ बहुत अधिक पापी हो जाती हैं | स्त्रियों के दूषित हो जाने पर वर्ण-संकर (hybrid : A composite of mixed origin.  मिलावट की पैदाईश) पैदा होता है | वर्णसंकर उत्पाती होता है जो कुलघाती होता है | ये पूरे कुल को नरक में ले जाता है | यहाँ तक की पितरों को भी तर्पण नहीं मिलने से ये उनको भी अधोगति में पहुंचा देते हैं | जब  वर्ण-संकर की  संख्या बढ़ जाती है तो संसार नरक बन जाता है | “hybridanimalhuman.jpg ISIS,  बोको-हरामी, अलकायदा-बाकायदा, लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद, ISI,
पूरा पाकिस्तान, सिमी,  और कुछ क्षद्म नाम भी  हैं  जो अप्रत्यक्ष रूप  से  वर्ण-संकर पैदा करने  का काम  ही  कर  रहे  हैं, इनमे बॉलीवुड और वामपंथी  कम्युनिस्ट का  नाम भी  गिना  जा सकता  है | इसका एक नियम  यह भी है कि वर्ण-संकर अपने आप  ऐसी जगहों की तरह आकर्षित होते हैं, जैसे कन्हैया कुमार जो अपनी माँ से बलात्कार करके पैदा हुआ है |

enhanced-30190-1425912592-1.jpgअब ये तो हो नहीं सकता की पाकिस्तान में कोई स्त्री सती हो ? क्योंकी इस्लाम के प्रारंभ से लेकर अभी तक एक स्त्री का अनेक पुरुषों से और एक पुरुष का अनेक स्त्रियों से सम्बन्ध बनाना जायज मना गया है | दूसरी बात सांस्कृतिक रूप से इतिहास में ऐसा एक भी उदहारण नहीं दिया गया है जिसमे इस्लाम में किसी महिला को महान सती का दर्जा या उसकी प्रसंशा की गयी हो अपितु इसके उलटे स्वयं पैगम्बर मुहम्मद के ही कई स्त्रियों से सम्बन्ध रहे है, एक पुरुष का एक से अधिक स्त्री से विवाह करना जायज है तो स्वाभाविक रूप से आप ऐसे समाज में स्त्रियों की मनोदशा का अंदाज लगा सकते है ! हालांकी भारतीय मुस्लिमों की तुलना विश्व से अलग है | सभी भारतियों का एक ही साझा गौरवशाली रक्त है |  यहाँ अनेक श्रेष्ठ और सम्मानीय मुसलमान भी है, ये भारतीयता में इतने घुले-मिले हैं कि इनकी पूजा-पद्धति मात्र अलग है150612110608-sanaa-destroyed-super-169.jpgबाकि तो ये आज भी हिन्दू है, ऐसे भी कई मुस्लिम हुए हैं जिन्होंने हिन्दुओं का नेतृत्व भी किया है, कोई रसखान जैसे भक्त भी हो गए, कोई बिस्मिल्लाह जैसे बनारसी, तो कलाम जैसे पूज्यनीय हो गए , परन्तु दुःख की बात है कि आज विदेशी देश (अरब+पकिस्तान ) इन युवाओं को झूठे सपने  दिखाकर  अपनी मातृभूमि, कौम, देश के खिलाफ उकसा रहे है | खैर …. परन्तु पाकिस्तान का जन्म ही इस्लामिक आधार पर हुआ और यहाँ अंधाधुंध वो सब काम होने लगे जिस से ये गैर-भारतीय हो जाएँ जल्दी से, और भारत के मुकाबले अरब के ज्यादा निकट दिखने लगें | बस इसलिए उनकी सामाजिकता अत्यंत भ्रष्ट हो गयी, और   ये पाकिस्तानी वर्णसंकर इसीलिए आज अपने पडोसी हिन्दू भाइयों से लड़ रहे हैं | कल अपने आप से लड़ेंगे | इन्हें लड़ना ही होगा क्योंकि ये इनकी जेनेटिक प्रोब्लम है | आपको क्या लगता है हिन्दुस्तान के कड़ा उत्तर दे देने से  वो मान जाएगा ? हमेशा के लिए सुधर जाएगा ? नहीं जी … आज वो मिसाईल टेक्नोलोजी में दबता है इसलिए धीरे-धीरे वो भी मिसाईल टेक्नोलोजी में आगे बढेगा, फिर हमला करेगा ! आपको क्या लगता है जिन पाकिस्तानी कलाकारों को यहा से भगाया जायगा ….download (1).jpgकल शांति होने पर, एक दो साल के बाद वो फिर बोलीवुड में आयेंगे… तो क्या मकसद सोचकर आयेंगे ? क्या वो इसकी तैयारी नहीं करेंगे कि एक मौका और मिलने पर कैसे हिन्दुस्तान से हिसाब चुकता करेगे ? लव-जिहाद बढेगा अभी तो | अभी तो हिन्दुओं की संकर औलादे भी बढ़ रही है …कन्हैया और लव-जेहाद के शिकार सब संकर-प्रजाति की औलाद है |

 

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